बेटी की शादी में आ रही है रुकावटें होंगी दूर, मिलेगा मनचाहा वर! पति प्राप्ति के लिए चमत्कारी पार्वती स्तोत्र!
Pati prapti parvati stotra: पार्वती स्तोत्र का पाठ अत्यंत लाभकारी और चमत्कारी माना गया है. जिन भी लोगों को पुत्री विवाह में होने वाली देरी या किसी भी तरह की बाधा का सामना करना पड़ता है, उन्हें माता पार्वती का पूजन करने के साथ पति प्राप्ति स्तोत्र का पाठ अवश्य करना चाहिए.
जो भी व्यक्ति पार्वती स्तोत्र का नियमित रूप से पाठ करता है, उसके जीवन में खुशियां बनी रहती है और तो और कुंवारी महिलाओं को सुयोग्य वर की प्राप्ति होती है. आपको बता दें कि, (Pati Prapti Parvati Stotra) से माता पार्वती प्रसन्न होने के साथ अपने भक्त पर विशेष कृपा होती है.
पति प्राप्ति पार्वती स्तोत्र पाठ के नियम?
अविवाहित महिलाओं को पार्वती स्तोत्र का पाठ करने से पहले स्नान कर साफ वस्त्रों को धारण करना चाहिए.
इसके बाद मां पार्वती की मूर्ति या फोटो को स्थापित करें.
उनके समक्ष घी का दीपक जलाकर फल-फूल अर्पित करें.
पवित्र मन से मां पार्वती का ये स्तोत्र पढ़ें.
जानकीकृतं पार्वतीस्तोत्रम् ॥
जानकी उवाच:
शक्तिस्वरूपे सर्वेषां सर्वाधारे गुणाश्रये ।
सदा शंकरयुक्ते च पतिं देहि नमोsस्तु ते ॥1॥
सृष्टिस्थित्यन्त रूपेण सृष्टिस्थित्यन्त रूपिणी ।
सृष्टिस्थियन्त बीजानां बीजरूपे नमोsस्तु ते ॥2॥
हे गौरि पतिमर्मज्ञे पतिव्रतपरायणे ।
पतिव्रते पतिरते पतिं देहि नमोsस्तु ते ॥3॥
सर्वमंगल मंगल्ये सर्वमंगल संयुते ।
सर्वमंगल बीजे च नमस्ते सर्वमंगले ॥4॥
सर्वप्रिये सर्वबीजे सर्व अशुभ विनाशिनी ।
सर्वेशे सर्वजनके नमस्ते शंकरप्रिये ॥5॥
परमात्मस्वरूपे च नित्यरूपे सनातनि ।
साकारे च निराकारे सर्वरूपे नमोsस्तु ते ॥6॥
क्षुत् तृष्णेच्छा दया श्रद्धा निद्रा तन्द्रा स्मृति: क्षमा ।
एतास्तव कला: सर्वा: नारायणि नमोsस्तु ते ॥7॥
लज्जा मेधा तुष्टि पुष्टि शान्ति संपत्ति वृद्धय: ।
एतास्त्व कला: सर्वा: सर्वरूपे नमोsस्तु ते ॥8॥
दृष्टादृष्ट स्वरूपे च तयोर्बीज फलप्रदे ।
सर्वानिर्वचनीये च महामाये नमोsस्तु ते ॥9॥
शिवे शंकर सौभाग्ययुक्ते सौभाग्यदायिनि ।
हरिं कान्तं च सौभाग्यं देहि देवी नमोsस्तु ते ॥10॥
स्तोत्रणानेन या: स्तुत्वा समाप्ति दिवसे शिवाम् ।
नमन्ति परया भक्त्या ता लभन्ति हरिं पतिम् ॥11॥
इह कान्तसुखं भुक्त्वा पतिं प्राप्य परात्परम् ।
दिव्यं स्यन्दनमारुह्य यान्त्यन्ते कृष्णसंनिधिम् ॥12॥
श्री ब्रह्मवैवर्त पुराणे जानकीकृतं पार्वतीस्तोत्रं सम्पूर्णम् ॥
Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.
Discover more from News Link360
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
